बरियारपुर रेलवे ओवर ब्रिज का हिस्सा क्षतिग्रस्त, DM निखिल धनराज निप्पाणीकर ने किया स्थलीय निरीक्षण, दिए मरम्मत के सख्त निर्देश

 

बरियारपुर / मुंगेर: बरियारपुर रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) के एक हिस्से के आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने आज स्वयं अधिकारियों और अभियंताओं की टीम के साथ रेलवे ओवर ब्रिज का स्थलीय निरीक्षण किया और क्षतिग्रस्त हिस्से की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया।


निरीक्षण के दौरान संबंधित विभाग के वरीय अधिकारी, कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता सहित कई अन्य पदाधिकारी मौके पर मौजूद रहे।

जिलाधिकारी ने ली तकनीकी जानकारी

स्थलीय निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पुल की वर्तमान स्थिति, क्षतिग्रस्त हिस्से की गंभीरता और उससे उत्पन्न होने वाली संभावित समस्याओं को लेकर विभागीय अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से पुल की तकनीकी रिपोर्ट, निर्माण की गुणवत्ता और पूर्व में हुए मेंटेनेंस कार्य के बारे में भी पूछताछ की।


जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि इस मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण के लिए तत्काल प्रभाव से तकनीकी कार्रवाई शुरू की जाए।

सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश

जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने कहा कि बरियारपुर रेलवे ओवर ब्रिज एक महत्वपूर्ण यातायात मार्ग है, जिस पर हजारों लोगों का प्रतिदिन आवागमन होता है। इसलिए पुल की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।


उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि -

1. तकनीकी विशेषज्ञों की टीम से पुल की गहन जांच कराई जाए। 2. विशेषज्ञों की अनुशंसा के अनुसार ही मरम्मत / पुनर्निर्माण का कार्य किया जाए। 3. निर्माण कार्य में निर्धारित गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित हो। 4. स्थायी समाधान के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें।  यातायात व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश

जिलाधिकारी ने कहा कि जब तक पुल की मरम्मत पूरी नहीं हो जाती, तब तक यातायात और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े सभी वैकल्पिक उपाय तत्काल सुनिश्चित किए जाएं, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी या जोखिम का सामना न करना पड़े। बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड और ट्रैफिक पुलिस की तैनाती को लेकर भी आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।


उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि मामले को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए सभी आवश्यक प्रशासनिक और तकनीकी प्रक्रियाएं शीघ्र पूरी करें और कार्य की प्रगति की नियमित जानकारी जिला प्रशासन को उपलब्ध कराते रहें।


जिलाधिकारी ने दोहराया कि प्रशासन की प्राथमिकता पुल की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ आमजन के आवागमन को सुगम और सुरक्षित बनाए रखना है।


अस्वीकरण: यह समाचार जिला प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी पर आधारित है।

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